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कार्तिक कृष्ण द्वादशी

भक्तिरस – BhaktiRas

हे भव भंजन हे शिवनंदन

Hey Bhav Bhanjan Hey Shivnandan – Lyrics in Hindi

गणेश जी अपडेट:
हे भव भंजन हे शिवनंदन

हे भव भंजन हे शिवनंदन – लिरिक्स

पाठ

हे भव भंजन हे शिव नंदन,
हे गजवंदन गाईये,
बुद्धि विनायक के चरणो में,
श्रद्धा सुमन चढ़ाईए,
जय हो गणेश तेरी जय हो गणेश…..

पीला पीताम्बर गणपति जी को,
प्रेम से पहनाओ भक्तो,
भोग लगाने मोती चूर के,
मोदक ले आओ भक्तो,
वर दाता खुश हो जाएंगे,
केसर तिलक लगाईए,
बुद्धि विनायक के चरणो में,
श्रद्धा सुमन चढ़ाईए,
जय हो गणेश तेरी जय हो गणेश…….

दुख के दूर अंधेरे होंगे,
निश दिन गाओ आरती,
हर संकट से विघ्नेश्वर कि,
पूजा हम उबारती,
आशा और विश्वास की अपने,
मन में ज्योत जलाइए,
बुद्धि विनायक के चरणो में,
श्रद्धा सुमन चढ़ाईए,
जय हो गणेश तेरी जय हो गणेश…….

बड़े दयालू बड़े कृपालु,
भगवन चार भुजा धारी,
चार भुजाओ से दुनिया को,
बाट रहे खुसिया सारी,
बैठे हैं भंडारा खोले,
जो चाहे ले जाइए,
बुद्धि विनायक के चरणो में,
श्रद्धा सुमन चढ़ाईए,
जय हो गणेश तेरी जय हो गणेश…..

स्रोत / लेखक: पारंपरिक · Claim credit

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