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कार्तिक कृष्ण द्वादशी

भक्तिरस – BhaktiRas

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन

Hey Dukh Bhanjan Maruti Nandan – Lyrics in Hindi

हनुमान अपडेट:

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन – लिरिक्स

पाठ

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन
सुन लो मेरी पुकार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन
सुन लो मेरी पुकार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

अष्ट सिद्धि नव निधी के दाता
दुखिओं के तुम भाग्यविदाता
अष्ट सिद्धि नव निधी के दाता
दुखिओं के तुम भाग्यविदाता
सियाराम के काज सवारे
सियाराम के काज सवारे
मेरा कर उधार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन
सुन लो मेरी पुकार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

अपरम्पार हे शक्ति तुम्हारी
तुम पर रीझे अवधबिहारी
अपरम्पार हे शक्ति तुम्हारी
तुम पर रीझे अवधबिहारी
भक्ति भाव से ध्याऊं तोहे
भक्ति भाव से ध्याऊं तोहे
कर दुखों से पार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन
सुन लो मेरी पुकार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

जपं निरंतर नाम तिहरा
अब नहीं छोडूं तेरा द्वारा
जपं निरंतर नाम तिहरा
अब नहीं छोडूं तेरा द्वारा
राम भक्त मोहे शरण मे लीजे
राम भक्त मोहे शरण मे लीजे
भाव सागर से तार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन
सुन लो मेरी पुकार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

हे दुःख भन्जन मारुती नंदन
सुन लो मेरी पुकार
पवनसुत विनती बारम्बार
पवनसुत विनती बारम्बार

स्रोत / लेखक: पारंपरिक · Claim credit

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